डायरियों में प्रेम



डायरियों में प्रेम



'पुरुष-पुरुष में बहुत घनिष्ठता हो जाती है- लेकिन वास्तविक घनिष्ठता एक पुरुष और एक स्त्री में ही संभव है क्योंकि  Emotion की सही परिणति शारीरिक उपलब्धि में ही जाकर होती है।'----मोहन राकेश 

हर व्यक्ति भरा-पूरा मार्केट है। उसमें से तुम वह लो, जो तुम्हारे लिए सुंदर और उपयोगी है, और जिसे लेने की सामर्थ्य तुममे है, और जिसे चुराना या छीनना या याचना से लेना नहीं होगा। ----मोहन राकेश 

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